हमे वह कश्मीर बना दो



वो जो हरा भरा है
वो जहां झील है तालाब है
साफ़ पानी है, स्वच्छ नदी है
पशु है, पेड़ है, इन्सान भी है
वह कश्मीर है
वह शांत है, वह नॉर्मल है
कश्मीरी खुश है
वे खुश है ये जानेबगैर कि
ख़ुशी की बात क्या है।
उनके न फोन चल रहे है
ना वाट्सेप है, ना इन्टरनेट
पर वे खुश है
वे अपने परिवारवालों से
बात नहीं कर पा रहे हैं
वे ईद की रोज अपनों से
गले नहीं मिल पा रहे है
पर वे खुश है।
उन्होंने अपने दरवाज़े बंद रखे है
वे शायद हम से बात करना नहीं चाहते
उन्होंने अपने घर के सामने सेक्यूरिटी लगाया है
हर दस कश्मीरियों के लिए एक
टीप-टाप कपड़े पहने बंदूकधारी है
जो हर तरफ निगरानी रखे हुए हैं
वे रोकते है हमे कश्मीरियों से बात करने से
वे टोकते है
उनके पोस्ट है हर पचास कदम पे
वे बताते है आपको कौनसा रस्ता लेना है
बिना आपसे पूछे कि आपको कहा जाना है
गुलमर्ग कभी दायें आता है तो कभी बाये

अस्पताल में एक छोटी लड़की आयी है
उसके आँखों पर अभी पट्टी बंधी हुई है
न जाने क्यूँ उसने अपने ही आँखों में पत्थर डाल लिए है
बाकी कश्मीर में शांति है

टीवीवाले कह रहे है अब कश्मीर उनका है
किनका है? उनका है।
वे कह रहे है कि
अब वह यहां अपनी जगह खरीदेंगे
अब वह कश्मीरीयों से शादी-ब्याह रचेंगे
किसीने दुल्हन को अभी बताया नहीं
कि उसका ब्याह हो गया है
वह शांत है, वह खुश है
न जाने किस बात से खुश है
टीवीवाले कह रहे है कि
कश्मीरी सरकार की वाह-वाई कर रहे है
पर कोई कैमरा पर दिखाई नहीं पड रहा

मस्जिद के बाहर कुछ ईंट पत्थर है
किसीकी किसीसे झड़प नहीं हुई है
बोला ना कश्मीर शांत है। कश्मीर क्या है?
कश्मीर भारत का अविभाज्य अंग है
जो बोलते थे कभी वे आज चुप है
नहीं मालूम कहा छुपे है पर चुप है
उनके घर के सामने बंदूकधारी है
वे न बाहर निकल सकते है
ना किसी को फोन लगा सकते है
वे जो कभी भारत की वकालत करते थे
उन्हें आज भारत ने कैद किया हुआ है
कश्मीर की शांति के लिए
कश्मीरीयों के अमन के लिए

एक लीडर है, भेड़ियों का
वे बता रहे हैं कि अब कश्मीर आजाद है
कि कश्मीरी अभी अमीर होंगे
कि कश्मीर अभी खुशहाल होगा
उनको कोई बतलाता क्यु नहीं कि
भारतवर्ष को भी खुश होना है
हमारे भी फोन लाइन काट दो
वाट्सेप फ़ेसबुक इन्टरनेट बंद करो
हमे भी खुशहाली चाहिए, शांति चाहिए, सेक्यूरिटी चाहिए
दस को एक नहीं सही पर हमारे
चौराहे पर भी बंदूकधारी हो
जो कभी भी मकानों-मोहल्लों में घुस पाए
जो किसी को कभी भी उठा ले चले
हमे खुशहाली-शांति चाहिए जहां हमारे
अपने अजूबे की तरह गायब हो
हमे कश्मीर बना दो
हमे अमीर बना दो
हमे खुशहाल बना दो
हमारे जिस्म पर स्टैम्प चिनवादो
कि हम कौन सा रस्ता ले सकते है
हमे भी कर्फ्यू पास दिला दो
हमे भी शांति दिला दो
वो भेड़ियों के सरदार
हमे भी बंदी बना दो
जंहा फोन ना पहुंचे
जहा ना पहुंचे इन्टरनेट ना कैमरामैन
हमे वह कश्मीर बना दो
हमे वह कश्मीर बना दो।

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